ममिता बैजू

ममिता बैजू जी के बारे मेंं

ममिता बैजू

ममिता बैजू

(Mameeee, Sona)

जन्म तिथि 22 June 2001
उम्र 25 वर्ष (2026)
राशि कर्क राशि (Cancer)
जन्म स्थान किडंगूर, कोट्टायम, केरल
निवास स्थान कोच्चि, केरल
पिता डॉ. बैजू कृष्णन (मधुमेह विशेषज्ञ)
माता मिनी (गृहिणी)
भाई बड़े भाई मिथुन (Midhun)
कद 5 फीट 5 इंच (165 सेमी)
वैवाहिक हि. अविवाहित
शिक्षा कोच्चि के सैक्रेड हार्ट कॉलेज में मनोविज्ञान
पेशा भारतीय अभिनेत्री
राष्ट्रीयता भारतीय
नेट वर्थ लगभग ₹20-30 करोड़

ममिता बैजू ——

मलयालम और तमिल सिनेमा की उभरती सितारा

ममिता बैजू (Mamitha Baiju) भारतीय सिनेमा की एक ऐसी अभिनेत्री हैं जिन्होंने बेहद कम समय में अपनी प्रतिभा, सहज अभिनय और मासूमियत भरी मुस्कान से दर्शकों के दिलों में खास जगह बना ली है। मुख्य रूप से मलयालम और तमिल फिल्मों में सक्रिय यह अभिनेत्री 22 जून 2001 को केरल के कोट्टायम जिले के किडंगूर में जन्मी थीं। मात्र 25 वर्ष की आयु में उन्होंने न केवल दक्षिण भारतीय सिनेमा के दिग्गज कलाकारों के साथ काम किया है, बल्कि लगातार कई बड़ी व्यावसायिक सफलताओं का हिस्सा भी बनी हैं। 'प्रेमालु' (2024) में रीणू रॉय के किरदार से रातों-रात सुर्खियों में आईं ममिता आज मलयालम और तमिल सिनेमा की सबसे व्यस्त और मांगी जाने वाली युवा अभिनेत्रियों में से एक हैं।


यह जीवनी ममिता बैजू के प्रारंभिक जीवन, शिक्षा, फिल्मी करियर के सफर, प्रमुख फिल्मों, पुरस्कारों, व्यक्तिगत जीवन और भविष्य की परियोजनाओं पर विस्तार से प्रकाश डालती है। यह एक ऐसी लड़की की कहानी है जिसने एक छोटे से शहर से निकलकर दक्षिण भारतीय सिनेमा के शीर्ष पर पहुंचने का सपना देखा और उसे साकार किया।


जन्म और परिवार——

ममिता बैजू का जन्म 22 जून 2001 को केरल के कोट्टायम जिले के किडंगूर में हुआ था। उनका परिवार एक सम्मानित और शिक्षित पृष्ठभूमि से आता है। उनके पिता डॉ. बैजू कृष्णन एक पेशेवर डॉक्टर हैं, जो मधुमेह रोग विशेषज्ञ (डायबिटोलॉजिस्ट) के रूप में कार्यरत हैं, जबकि उनकी मां मिनी बैजू एक गृहिणी हैं। ममिता के एक बड़े भाई हैं जिनका नाम मिथुन है।


एक डॉक्टर पिता की बेटी होने के नाते, ममिता के जीवन में भी शुरू में यह उम्मीद थी कि वह भी चिकित्सा के क्षेत्र में जाएंगी। हालांकि, नियति ने उनके लिए कुछ और ही लिखा था। ममिता ने खुद स्वीकार किया है कि बचपन में वह डॉक्टर बनना चाहती थीं, लेकिन 9वीं कक्षा में उनके जीवन में एक ऐसा मोड़ आया जिसने उनकी सोच और करियर की दिशा को पूरी तरह बदल दिया। अभिनय की दुनिया में कदम रखने के बाद उन्होंने अपने डॉक्टर बनने के सपने को त्याग दिया और फिल्मों को अपना जीवन बना लिया।


ममिता का परिवार उनके करियर के शुरुआती दिनों से ही उनके साथ खड़ा रहा है। हालांकि, उनके माता-पिता ने हमेशा शिक्षा को प्राथमिकता देने पर जोर दिया। यही कारण है कि जब ममिता ने बहुत कम उम्र में अभिनय शुरू किया, तब भी उनके माता-पिता ने उन्हें पढ़ाई जारी रखने के लिए प्रोत्साहित किया।


जन्मस्थान और बचपन——

ममिता का जन्मस्थान किडंगूर, कोट्टायम जिला, केरल है। यह एक छोटा सा शहर है जो अपनी प्राकृतिक सुंदरता और शांत वातावरण के लिए जाना जाता है। ममिता ने अपना पूरा बचपन इसी शहर में बिताया। उनके बचपन के दिनों के बारे में ज्यादा जानकारी उपलब्ध नहीं है, लेकिन यह ज्ञात है कि वह बचपन से ही फिल्मों और गानों को टेलीविजन पर देखने की शौकीन थीं।


ममिता ने एक साक्षात्कार में खुलासा किया था कि वह बचपन में बहुत शर्मीली और अंतर्मुखी (इंट्रोवर्ट) थीं। हालांकि, फिल्म उद्योग में आने के बाद वह धीरे-धीरे बदलती गईं और अब खुद को एक "एम्बिवर्ट" (अंतर्मुखी और बहिर्मुखी के बीच) मानती हैं, जो परिस्थितियों के अनुसार ढल जाती हैं। यह परिवर्तन उनके व्यक्तित्व के विकास और फिल्म उद्योग की मांगों को दर्शाता है।


शिक्षा——

ममिता बैजू ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा केरल के प्रतिष्ठित संस्थानों से प्राप्त की। उन्होंने मैरी माउंट पब्लिक स्कूल, कट्टाचिरा से अपनी स्कूली शिक्षा पूरी की और उसके बाद एन.एस.एस. हायर सेकेंडरी स्कूल, किडंगूर से अपनी उच्च माध्यमिक शिक्षा (हायर सेकेंडरी) पूरी की।


स्कूली शिक्षा के बाद, ममिता ने कोच्चि के प्रतिष्ठित सैक्रेड हार्ट कॉलेज में मनोविज्ञान (साइकोलॉजी) में बैचलर ऑफ साइंस (B.Sc.) की डिग्री के लिए दाखिला लिया। हालांकि, बढ़ते फिल्मी करियर और शूटिंग के व्यस्त कार्यक्रम के कारण, वह अपनी तीसरी वर्ष की पढ़ाई पूरी नहीं कर सकीं और कॉलेज छोड़ना पड़ा। उपस्थिति की कमी (अटेंडेंस शॉर्टेज) के कारण उन्हें यह कदम उठाना पड़ा।


ममिता ने कई बार स्वीकार किया है कि उनका पूरा ध्यान अभिनय पर केंद्रित हो गया था, और इसीलिए उन्होंने अपनी औपचारिक शिक्षा को बीच में ही छोड़ दिया। हालांकि, उनके माता-पिता ने उन्हें हमेशा शिक्षित रहने और सीखते रहने के लिए प्रोत्साहित किया। ममिता का मानना है कि जीवन में अनुभव और सीखना किसी भी डिग्री से अधिक महत्वपूर्ण है।


भरतनाट्यम और कलात्मक पृष्ठभूमि——

पढ़ाई के अलावा, ममिता ने शास्त्रीय नृत्य में भी प्रशिक्षण लिया है। वह एक प्रशिक्षित भरतनाट्यम नृत्यांगना हैं। उन्होंने इरिन्जालाकुडा में स्थित नाटनकैरली रिसर्च ट्रेनिंग एंड परफॉर्मिंग सेंटर से भरतनाट्यम में उच्च शिक्षा प्राप्त की है। यह कलात्मक पृष्ठभूमि उनके अभिनय में एक अलग ही निखार लाती है, खासकर नृत्य और भाव-भंगिमाओं वाले दृश्यों में। उनकी नृत्य क्षमता कई फिल्मों के गीतों में देखने को मिली है, जैसे 'रामचंद्र बॉस एंड कंपनी' में "यल्ला हबीबी" गाना, जिसमें उनके नृत्य मूव्स की काफी प्रशंसा हुई थी।


फिल्मी करियर का सफर——

बाल कलाकार के रूप में शुरुआत (2016)——

ममिता बैजू का फिल्मी सफर एक बाल कलाकार के रूप में शुरू हुआ। वर्ष 2016 में, उन्होंने प्रीथ्वीराज सुकुमारन की मुख्य भूमिका वाली मलयालम फिल्म 'पावडा' (Paavada) में एक छोटी सी भूमिका निभाई थी। यह भूमिका बिना क्रेडिट के थी, लेकिन इसी फिल्म के सेट पर उन्हें कैमरे के सामने खड़े होने का पहला अनुभव मिला। यह अनुभव उनके लिए प्रेरणादायक साबित हुआ और उन्होंने अभिनय को अपने करियर के रूप में चुनने का मन बना लिया।


बाल कलाकार के रूप में उनका यह छोटा सा कदम भविष्य में एक बड़े सितारे के उभरने का संकेत था। उस समय किसी ने भी नहीं सोचा था कि यह छोटी सी लड़की आने वाले वर्षों में मलयालम सिनेमा की सबसे चर्चित अभिनेत्रियों में से एक बनेगी।


पदार्पण और शुरुआती भूमिकाएं (2017-2020)——

ममिता बैजू ने एक वयस्क अभिनेत्री के रूप में अपना फिल्मी करियर वर्ष 2017 में मलयालम फिल्म 'सर्वोपरी पलक्कारन' (Sarvopari Palakkaran) से शुरू किया। इस फिल्म में उन्होंने अनूप मेनन और अनु सितारा जैसे कलाकारों के साथ स्क्रीन शेयर की। हालांकि, यह भूमिका बहुत बड़ी नहीं थी, लेकिन इसने उन्हें उद्योग में एक पहचान दिलाई।


इसके बाद, उन्होंने कई फिल्मों में छोटी-छोटी सहायक भूमिकाएं निभाईं, जिनमें 'हनी बी 2: सेलिब्रेशन्स' (2017), 'दाकिनी' (2018), 'वराथन' (2018) और 'विकृति' (2019) शामिल हैं। इन फिल्मों में उनकी भूमिकाएं छोटी थीं, लेकिन उन्होंने हर किरदार को अपनी मेहनत और प्रतिभा से जीवंत बनाने की कोशिश की। 'वराथन' में उन्होंने फहाद फासिल के साथ काम किया, जो उस समय मलयालम सिनेमा के एक प्रमुख स्टार थे। इस फिल्म से उन्हें बड़े सेट पर काम करने का अनुभव मिला।


इन शुरुआती वर्षों में, ममिता ने अपने अभिनय कौशल को निखारने और उद्योग में अपनी जगह बनाने के लिए कड़ी मेहनत की। हालांकि, उन्हें वह पहचान अभी नहीं मिली थी जिसकी वह हकदार थीं। लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी और अपने हर किरदार को बेहतरीन तरीके से निभाने पर ध्यान केंद्रित किया।


पहचान और सफलता की ओर (2021-2023)——

वर्ष 2021 ममिता के करियर के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हुआ। इस वर्ष उन्होंने दो ऐसी फिल्मों में काम किया जिन्होंने उन्हें उद्योग में एक अलग पहचान दिलाई। पहली थी थरुण मूर्ति द्वारा निर्देशित 'ऑपरेशन जावा' (Operation Java), जिसमें उन्होंने अल्फोंसा नाम की एक युवती की भूमिका निभाई थी, जो एक प्रमुख व्यक्ति के बेटे से जुड़े एक मामले में फंस जाती है। इस फिल्म में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण थी और उन्होंने इसे बखूबी निभाया।


दूसरी और सबसे महत्वपूर्ण फिल्म थी 'खो खो' (Kho Kho), जिसमें उन्होंने 'अंजू' नाम की एक जिद्दी और उग्र स्वभाव वाली एथलीट की भूमिका निभाई थी। इस फिल्म में उनके अभिनय की काफी प्रशंसा हुई और उन्हें केरल फिल्म क्रिटिक्स अवार्ड्स में सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री का पुरस्कार भी मिला। यह उनके करियर का पहला बड़ा पुरस्कार था, जिसने उन्हें आगे बढ़ने का आत्मविश्वास दिया।


वर्ष 2022 में, ममिता ने गिरीश ए.डी. द्वारा निर्देशित फिल्म 'सुपर शरण्या' (Super Sharanya) में 'सोना' नाम की एक हंसमुख और लापरवाह छात्रा की भूमिका निभाई। यह फिल्म व्यावसायिक रूप से सफल रही और ममिता के अभिनय को भी दर्शकों और समीक्षकों द्वारा सराहा गया। इस फिल्म में उनके किरदार 'सोना रे' को काफी लोकप्रियता मिली। 'द न्यू इंडियन एक्सप्रेस' की समीक्षा में लिखा गया, "उन्होंने पहले ही साबित कर दिया है कि वह बहुत क्षमता वाली अभिनेत्री हैं, और अगर वह समझदारी से स्क्रिप्ट चुनती रहीं, तो वह और भी ऊंचाइयों तक पहुंच सकती हैं"।


2023 में, ममिता ने दो फिल्मों में काम किया - 'प्रणय विलासम' (Pranaya Vilasam) और 'रामचंद्र बॉस एंड कंपनी' (Ramachandra Boss & Co)। 'प्रणय विलासम' में उन्होंने अर्जुन अशोकन और अनस्वरा राजन के साथ मुख्य भूमिका निभाई। यह फिल्म एक रोमांटिक कॉमेडी थी और इसे 2023 की सबसे अच्छी रोम-कॉम फिल्मों में से एक माना गया। 'रामचंद्र बॉस एंड कंपनी' में उन्होंने निविन पॉली के साथ काम किया, जो एक हीरा चोरी की कहानी पर आधारित हीलिस्ट कॉमेडी थी।


इन वर्षों में, ममिता ने विभिन्न प्रकार की भूमिकाएं निभाकर अपनी बहुमुखी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। उन्होंने साबित कर दिया कि वह केवल एक ग्लैमरस चेहरा नहीं, बल्कि एक दमदार अभिनेत्री हैं जो किसी भी किरदार को जीवंत कर सकती हैं।


करियर का ब्रेकथ्रू: 'प्रेमालु' (2024)——

वर्ष 2024 ममिता बैजू के करियर का सबसे महत्वपूर्ण वर्ष साबित हुआ। इस वर्ष उन्होंने गिरीश ए.डी. द्वारा निर्देशित रोमांटिक कॉमेडी फिल्म 'प्रेमालु' (Premalu) में मुख्य भूमिका निभाई। इस फिल्म में उन्होंने 'रीणू रॉय' नाम की एक महत्वाकांक्षी आईटी पेशेवर की भूमिका निभाई, जो हैदराबाद में काम करती है। फिल्म में उनके साथ नस्लेन के. गफूर मुख्य भूमिका में थे।


'प्रेमालु' ने बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त कमाई की और यह मलयालम सिनेमा की अब तक की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्मों में से एक बन गई। फिल्म ने केवल 25 दिनों में 85 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की। इस फिल्म ने ममिता को पूरे भारत में पहचान दिलाई और उन्हें रातों-रात एक स्टार बना दिया।


ममिता के अभिनय की समीक्षकों ने जमकर प्रशंसा की। 'द न्यू इंडियन एक्सप्रेस' के आस्विन देवन ने लिखा, "फिल्म में कई प्रतिभाशाली अभिनेताओं के होने के बावजूद, ममिता बैजू एक आकर्षक कलाकार के रूप में उभरकर सामने आती हैं और सहज ही पूरी फिल्म को अपने नाम कर लेती हैं"। 'प्रेमालु' में रीणू का किरदार ममिता के अपने व्यक्तित्व के काफी करीब था। उन्होंने खुद कहा था, "अब तक जो भूमिकाएं मैंने निभाई हैं, उनमें रीणू मेरे व्यक्तित्व के सबसे करीब है"।


'प्रेमालु' की सफलता के बाद ममिता की लोकप्रियता आसमान छूने लगी। उन्हें कई बड़े प्रोजेक्ट्स के ऑफर मिलने लगे और वह दक्षिण भारतीय सिनेमा की सबसे व्यस्त अभिनेत्रियों में से एक बन गईं। इस फिल्म ने उनके करियर को एक नई दिशा दी और उन्हें पैन-इंडिया स्तर पर पहचान दिलाई।


तमिल सिनेमा में पदार्पण और विस्तार (2024-2025)——

'प्रेमालु' की सफलता के बाद, ममिता ने तमिल सिनेमा में भी कदम रखा। वर्ष 2024 में उन्होंने जी.वी. प्रकाश कुमार की मुख्य भूमिका वाली तमिल फिल्म 'रिबेल' (Rebel) से तमिल सिनेमा में पदार्पण किया। हालांकि, यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर खास कमाल नहीं कर सकी, लेकिन इसने ममिता को तमिल दर्शकों के सामने पेश किया।


इसी वर्ष, उन्होंने तमिल फिल्म 'ए.आर.एम.' (ARM) में कृति शेट्टी के लिए डबिंग भी की। यह दर्शाता है कि वह केवल अभिनय ही नहीं, बल्कि डबिंग के क्षेत्र में भी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर रही हैं।


वर्ष 2025 में, ममिता ने तमिल फिल्म 'ड्यूड' (Dude) में प्रदीप रंगनाथन और आर. सरथकुमार के साथ मुख्य भूमिका निभाई। यह फिल्म 17 अक्टूबर 2025 को दिवाली के मौके पर रिलीज हुई। फिल्म को मिश्रित समीक्षाएं मिलीं, लेकिन इसने बॉक्स ऑफिस पर 100 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की। ममिता के अभिनय की काफी प्रशंसा हुई। 'द टाइम्स ऑफ इंडिया' की रूपा राधाकृष्णन ने लिखा, "ममिता शानदार हैं। उन्होंने अपने किरदार के लिए खुद डबिंग की है, जिससे उनके किरदार में प्रामाणिकता आ गई है"।


'ड्यूड' में ममिता ने 'कुरल' नाम की एक युवती की भूमिका निभाई, जिसके साथ प्रदीप रंगनाथन के किरदार 'अगन' की बचपन से जान-पहचान है। फिल्म की कहानी में अगन को कुरल से प्यार हो जाता है, लेकिन वह इस भावना से जूझता है। इस फिल्म में ममिता के अभिनय को दर्शकों ने खूब सराहा।


स्टारडम की ऊंचाइयों पर (2026)——

वर्ष 2026 ममिता बैजू के करियर का सबसे व्यस्त और सफल वर्ष साबित हुआ। इस वर्ष उनकी तीन बड़ी फिल्में रिलीज हुईं - 'जन नायगन' (Jana Nayagan), 'विश्वनाथ एंड संस' (Vishwanath & Sons) और 'बेथलहेम कुडुंबा यूनिट' (Bethlehem Kudumba Unit)। इन तीनों फिल्मों ने बॉक्स ऑफिस पर 200 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की।


'जन नायगन' (2026)——

'जन नायगन' तमिल सुपरस्टार विजय की अंतिम फिल्म है, जिसमें ममिता ने 'विजयलक्ष्मी "विजी" श्रीकांत' नाम की भूमिका निभाई। यह फिल्म 23 जुलाई 2026 को रिलीज हुई। फिल्म में ममिता ने विजय की पालक बेटी की भूमिका निभाई, जिसे वह सेना में भर्ती होने के लिए प्रेरित करता है।


ममिता के लिए यह फिल्म बहुत खास थी क्योंकि उन्हें तमिल सिनेमा के सबसे बड़े सुपरस्टार के साथ काम करने का मौका मिला। उन्होंने इस अनुभव के बारे में कहा था, "विजय सर के साथ छोटी सी भूमिका निभाना भी भाग्य की बात है। मैं उनके साथ काम करके बहुत भाग्यशाली महसूस करती हूं"।


'विश्वनाथ एंड संस' (2026)——

'विश्वनाथ एंड संस' में ममिता ने तमिल सुपरस्टार सूर्या के साथ काम किया। यह फिल्म 14 अगस्त 2026 को रिलीज हुई। फिल्म में उन्होंने 'मैडी' नाम की एक युवती की भूमिका निभाई, जो सूर्या के किरदार से उम्र के अंतर के बावजूद प्यार कर बैठती है। यह फिल्म सूर्या की 46वीं फिल्म थी और इसमें रवीना टंडन और राधिका सरथकुमार भी मुख्य भूमिकाओं में थीं।


इस फिल्म की शूटिंग के दौरान ममिता को 102 डिग्री बुखार था, लेकिन उन्होंने अपनी पेशेवराना जिम्मेदारी निभाते हुए शूटिंग जारी रखी। उन्होंने खुद इस बारे में बताया था, "ऊटी में मौसम बहुत खराब था। मुझे 102 डिग्री बुखार था, लेकिन मैंने गाने की शूटिंग की"। यह घटना उनके समर्पण और पेशेवराना अंदाज को दर्शाती है।


'बेथलहेम कुडुंबा यूनिट' (2026)——

'बेथलहेम कुडुंबा यूनिट' ममिता की 'प्रेमालु' के बाद पहली मलयालम फिल्म थी, जो 21 अगस्त 2026 को रिलीज हुई। इस फिल्म में उन्होंने निविन पॉली के साथ मुख्य भूमिका निभाई। फिल्म में उनका किरदार 'एशले' नाम की एक युवती का है, जो निविन के किरदार 'जस्टिन' के पड़ोस में आती है और उसकी जिंदगी में उथल-पुथल मचा देती है।


इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर 300 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की और यह मलयालम सिनेमा की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बन गई। इस फिल्म की सफलता के साथ, ममिता 2026 में तीन 200 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई करने वाली फिल्मों में काम करने वाली एकमात्र अभिनेत्री बन गईं। यह उनके करियर की एक ऐतिहासिक उपलब्धि है।


निर्देशक गिरीश ए.डी. ने ममिता की सफलता पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा, "वह एक प्राकृतिक अभिनेत्री हैं"। यह उनके अभिनय कौशल और उनके प्रति निर्देशकों के भरोसे को दर्शाता है।


भविष्य की परियोजनाएं——

ममिता बैजू के पास भविष्य में कई बड़ी परियोजनाएं हैं। उन्हें 'प्रेमालु 2' (Premalu 2) में भी देखा जाएगा, जिसमें वह नस्लेन के साथ फिर से रीणू और सचिन की भूमिका में वापस आएंगी। यह फिल्म 'प्रेमालु' की सफलता के बाद इसके प्रशंसकों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है।


इसके अलावा, वह धनुष के साथ तमिल फिल्म 'कारा' (Kara) में नजर आएंगी। यह एक हीलिस्ट एक्शन थ्रिलर फिल्म है, जिसमें वह 'सेल्ली' नाम की भूमिका निभा रही हैं। फिल्म का निर्देशन विग्नेश राजा कर रहे हैं और यह 30 अप्रैल 2026 को रिलीज होने वाली है।


ममिता 'इरंडु वानम' (Irandu Vaanam) नाम की एक और फिल्म में भी काम कर रही हैं, जिसे उन्होंने अब तक की सबसे चुनौतीपूर्ण भूमिका बताया है। इस किरदार को निभाने के लिए उन्हें 2-3 दिन लगे थे।


इसके अलावा, उन्हें 'हैलो डियर' (Hello Dear) नाम की एक मलयालम फिल्म में भी देखा जाएगा, जिसमें वह अपने 'प्रेमालु' के सह-कलाकार संगीत प्रताप के साथ फिर से काम करेंगी।


प्रमुख फिल्मों का विस्तृत विवरण——

'ऑपरेशन जावा' (2021)——

'ऑपरेशन जावा' एक साइबर क्राइम ड्रामा फिल्म थी, जिसका निर्देशन थरुण मूर्ति ने किया था। इस फिल्म में ममिता ने 'अल्फोंसा' नाम की एक युवती की भूमिका निभाई थी, जो एक प्रमुख व्यक्ति के बेटे से जुड़े एक मामले में फंस जाती है। यह फिल्म ममिता के करियर की पहली ऐसी फिल्म थी जिसमें उन्हें एक महत्वपूर्ण भूमिका मिली थी। इस फिल्म ने उन्हें उद्योग में एक गंभीर अभिनेत्री के रूप में स्थापित करने में मदद की।


'खो खो' (2021)——

'खो खो' एक स्पोर्ट्स ड्रामा फिल्म थी, जिसका निर्देशन राहुल रिजी नायर ने किया था। इस फिल्म में ममिता ने 'अंजू' नाम की एक जिद्दी और उग्र स्वभाव वाली एथलीट की भूमिका निभाई थी, जो अपनी स्कूल की खो खो टीम की स्टार खिलाड़ी है। इस फिल्म में उनके अभिनय की काफी प्रशंसा हुई और उन्हें केरल फिल्म क्रिटिक्स अवार्ड्स में सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री का पुरस्कार भी मिला। यह उनके करियर का पहला बड़ा पुरस्कार था। फिल्म में उनके और रजिषा विजयन के बीच की केमिस्ट्री को भी काफी सराहा गया।


'सुपर शरण्या' (2022)——

'सुपर शरण्या' एक कमिंग-ऑफ-एज ड्रामा फिल्म थी, जिसका निर्देशन गिरीश ए.डी. ने किया था। इस फिल्म में ममिता ने 'सोना' नाम की एक हंसमुख और लापरवाह छात्रा की भूमिका निभाई थी, जो मुख्य किरदार शरण्या की सबसे अच्छी दोस्त है। यह फिल्म व्यावसायिक रूप से सफल रही और ममिता के अभिनय को भी दर्शकों और समीक्षकों द्वारा सराहा गया। इस फिल्म में उनके किरदार 'सोना रे' को काफी लोकप्रियता मिली और यह उनके करियर का एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हुआ। ममिता ने खुद इस फिल्म को अपने करियर का "माइलस्टोन" बताया था।


'प्रणय विलासम' (2023)——

'प्रणय विलासम' एक रोमांटिक कॉमेडी फिल्म थी, जिसका निर्देशन निखिल मुरली ने किया था। इस फिल्म में ममिता ने 'गोपिका' नाम की एक युवती की भूमिका निभाई थी, जो अर्जुन अशोकन के किरदार 'सूरज' की प्रेमिका है। इस फिल्म में उन्होंने अनस्वरा राजन के साथ भी काम किया। यह फिल्म 2023 की सबसे अच्छी रोम-कॉम फिल्मों में से एक मानी गई। ममिता ने इस फिल्म में अपने अभिनय से यह साबित कर दिया कि वह रोमांटिक भूमिकाओं में भी पूरी तरह से फिट हैं।


'रामचंद्र बॉस एंड कंपनी' (2023)——

'रामचंद्र बॉस एंड कंपनी' एक हीलिस्ट कॉमेडी फिल्म थी, जिसका निर्देशन हनीफ अदेनी ने किया था। इस फिल्म में ममिता ने 'सोफिया' नाम की एक युवती की भूमिका निभाई थी, जो निविन पॉली के किरदार 'रामचंद्र बॉस' के गिरोह का हिस्सा है। यह फिल्म 25 अगस्त 2023 को ओणम के मौके पर रिलीज हुई थी। फिल्म में ममिता और आर्षा चंदिनी बैजू के नृत्य को काफी सराहा गया, खासकर "यल्ला हबीबी" गाने में।


'प्रेमालु' (2024)——

'प्रेमालु' ममिता बैजू के करियर की सबसे महत्वपूर्ण फिल्म साबित हुई। इस फिल्म में उन्होंने 'रीणू रॉय' नाम की एक महत्वाकांक्षी आईटी पेशेवर की भूमिका निभाई, जो हैदराबाद में काम करती है और प्यार की तलाश में है। फिल्म में उनके साथ नस्लेन के. गफूर मुख्य भूमिका में थे। फिल्म की कहानी सचिन (नस्लेन) और रीणू (ममिता) के इर्द-गिर्द घूमती है, जो हैदराबाद में मिलते हैं और उनके बीच प्यार हो जाता है।


'प्रेमालु' ने बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त कमाई की और यह मलयालम सिनेमा की अब तक की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्मों में से एक बन गई। फिल्म ने केवल 25 दिनों में 85 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की। इस फिल्म ने ममिता को पूरे भारत में पहचान दिलाई और उन्हें रातों-रात एक स्टार बना दिया।


ममिता के अभिनय की समीक्षकों ने जमकर प्रशंसा की। उनके किरदार रीणू को दर्शकों ने खूब पसंद किया। ममिता ने खुद कहा था कि रीणू का किरदार उनके अपने व्यक्तित्व के काफी करीब था। इस फिल्म की सफलता के बाद ममिता की लोकप्रियता आसमान छूने लगी और उन्हें कई बड़े प्रोजेक्ट्स के ऑफर मिलने लगे।


'ड्यूड' (2025)——

'ड्यूड' एक रोमांटिक एक्शन कॉमेडी फिल्म थी, जिसका निर्देशन कीर्तिश्वरन ने किया था। इस फिल्म में ममिता ने 'कुरल' नाम की एक युवती की भूमिका निभाई, जिसके साथ प्रदीप रंगनाथन के किरदार 'अगन' की बचपन से जान-पहचान है। यह फिल्म 17 अक्टूबर 2025 को दिवाली के मौके पर रिलीज हुई।


फिल्म को मिश्रित समीक्षाएं मिलीं, लेकिन इसने बॉक्स ऑफिस पर 100 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की। ममिता के अभिनय की काफी प्रशंसा हुई। 'द टाइम्स ऑफ इंडिया' की रूपा राधाकृष्णन ने लिखा, "ममिता शानदार हैं। उन्होंने अपने किरदार के लिए खुद डबिंग की है, जिससे उनके किरदार में प्रामाणिकता आ गई है"। इस फिल्म में ममिता ने अपने अभिनय से यह साबित कर दिया कि वह तमिल सिनेमा में भी अपनी जगह बना सकती हैं।


'जन नायगन' (2026)——

'जन नायगन' तमिल सुपरस्टार विजय की अंतिम फिल्म है, जिसमें ममिता ने 'विजयलक्ष्मी "विजी" श्रीकांत' नाम की भूमिका निभाई। यह फिल्म 23 जुलाई 2026 को रिलीज हुई। फिल्म में ममिता ने विजय की पालक बेटी की भूमिका निभाई, जिसे वह सेना में भर्ती होने के लिए प्रेरित करता है।


ममिता के लिए यह फिल्म बहुत खास थी क्योंकि उन्हें तमिल सिनेमा के सबसे बड़े सुपरस्टार के साथ काम करने का मौका मिला। उन्होंने इस अनुभव के बारे में कहा था, "विजय सर के साथ छोटी सी भूमिका निभाना भी भाग्य की बात है। मैं उनके साथ काम करके बहुत भाग्यशाली महसूस करती हूं"। यह फिल्म विजय के राजनीति में प्रवेश से पहले उनकी आखिरी फिल्म थी, जिसने इसे और भी खास बना दिया।


'विश्वनाथ एंड संस' (2026)——

'विश्वनाथ एंड संस' में ममिता ने तमिल सुपरस्टार सूर्या के साथ काम किया। यह फिल्म 14 अगस्त 2026 को रिलीज हुई। फिल्म में उन्होंने 'मैडी' नाम की एक युवती की भूमिका निभाई, जो सूर्या के किरदार से उम्र के अंतर के बावजूद प्यार कर बैठती है। यह फिल्म सूर्या की 46वीं फिल्म थी और इसमें रवीना टंडन और राधिका सरथकुमार भी मुख्य भूमिकाओं में थीं।


इस फिल्म की शूटिंग के दौरान ममिता को 102 डिग्री बुखार था, लेकिन उन्होंने अपनी पेशेवराना जिम्मेदारी निभाते हुए शूटिंग जारी रखी। उन्होंने खुद इस बारे में बताया था, "ऊटी में मौसम बहुत खराब था। मुझे 102 डिग्री बुखार था, लेकिन मैंने गाने की शूटिंग की"। यह घटना उनके समर्पण और पेशेवराना अंदाज को दर्शाती है। ममिता ने सूर्या के साथ काम करने के अनुभव को "गर्व की बात" बताया था।


'बेथलहेम कुडुंबा यूनिट' (2026)——

'बेथलहेम कुडुंबा यूनिट' ममिता की 'प्रेमालु' के बाद पहली मलयालम फिल्म थी, जो 21 अगस्त 2026 को रिलीज हुई। इस फिल्म में उन्होंने निविन पॉली के साथ मुख्य भूमिका निभाई। फिल्म में उनका किरदार 'एशले' नाम की एक युवती का है, जो निविन के किरदार 'जस्टिन' के पड़ोस में आती है और उसकी जिंदगी में उथल-पुथल मचा देती है।


इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर 300 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की और यह मलयालम सिनेमा की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बन गई। इस फिल्म की सफलता के साथ, ममिता 2026 में तीन 200 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई करने वाली फिल्मों में काम करने वाली एकमात्र अभिनेत्री बन गईं। यह उनके करियर की एक ऐतिहासिक उपलब्धि है।


निर्देशक गिरीश ए.डी. ने ममिता की सफलता पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा, "वह एक प्राकृतिक अभिनेत्री हैं"। यह उनके अभिनय कौशल और उनके प्रति निर्देशकों के भरोसे को दर्शाता है।


पुरस्कार और सम्मान——

ममिता बैजू ने अपने छोटे से करियर में ही कई महत्वपूर्ण पुरस्कार जीते हैं। उनकी प्रतिभा को उद्योग और दर्शकों दोनों से सराहना मिली है।


केरल फिल्म क्रिटिक्स अवार्ड्स——

वर्ष 2020 में, ममिता को 'खो खो' (2021) में उनके शानदार अभिनय के लिए 44वें केरल फिल्म क्रिटिक्स अवार्ड्स में सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री का पुरस्कार मिला। यह उनके करियर का पहला बड़ा पुरस्कार था, जिसने उन्हें आगे बढ़ने का आत्मविश्वास दिया।


आईफा उत्सवम अवार्ड्स——

वर्ष 2023 में, ममिता को 'प्रणय विलासम' में उनके अभिनय के लिए आईफा उत्सवम अवार्ड्स में सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री का पुरस्कार मिला। यह अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त पुरस्कार है, जिसने उनकी प्रतिभा को और भी मान्यता दिलाई।


जेएफडब्ल्यू वुमेन अवार्ड्स——

वर्ष 2025 में, ममिता को 'ड्यूड' (2025) में उनके अभिनय के लिए जेएफडब्ल्यू वुमेन अवार्ड्स में सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री (क्रिटिक्स) - तमिल का पुरस्कार मिला। यह पुरस्कार उनके तमिल सिनेमा में किए गए शानदार काम की मान्यता थी।


फिल्मफेयर अवार्ड्स साउथ——

ममिता को फिल्मफेयर अवार्ड्स साउथ में भी नामांकन मिला है। वर्ष 2024 में, उन्हें 'प्रेमालु' के लिए 70वें फिल्मफेयर अवार्ड्स साउथ में नामांकित किया गया था। हालांकि, उन्हें यह पुरस्कार नहीं मिला, लेकिन नामांकन ही उनकी बढ़ती लोकप्रियता और प्रतिभा का प्रमाण है।


केरल राज्य फिल्म पुरस्कार——

वर्ष 2025 में, 'प्रेमालु' को 55वें केरल राज्य फिल्म पुरस्कारों में सर्वश्रेष्ठ लोकप्रिय फिल्म का पुरस्कार मिला। हालांकि यह पुरस्कार फिल्म को मिला, लेकिन इसमें ममिता के अभिनय का भी महत्वपूर्ण योगदान था।


व्यक्तिगत जीवन——

ममिता बैजू अपने सरल और सहज व्यक्तित्व के लिए जानी जाती हैं। वह खुद को एक "एम्बिवर्ट" मानती हैं, जो परिस्थितियों के अनुसार ढल जाती हैं। बचपन में वह बहुत शर्मीली थीं, लेकिन फिल्म उद्योग में आने के बाद उन्होंने खुद को अधिक संवादात्मक और अभिव्यक्तिपूर्ण बनाया है।


ममिता का मानना है कि वह अभी भी सीख रही हैं और हर फिल्म के साथ खुद को बेहतर बना रही हैं। उन्होंने कहा था, "मैं अभी भी इसे समझ रही हूं, एक बार में एक फिल्म के साथ"। यह उनकी विनम्रता और सीखने की इच्छा को दर्शाता है।


पसंद और शौक——

ममिता को बचपन से ही फिल्में और गाने देखने का शौक था। वह टेलीविजन पर फिल्में और संगीत देखकर बड़ी हुई हैं। अभिनय के अलावा, वह एक प्रशिक्षित भरतनाट्यम नृत्यांगना भी हैं, जो उनके कलात्मक पक्ष को दर्शाता है।


सोशल मीडिया और लोकप्रियता——

ममिता सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय हैं और अपने प्रशंसकों के साथ जुड़ी रहती हैं। 'प्रेमालु' की सफलता के बाद उनके फॉलोअर्स की संख्या में भारी इजाफा हुआ है। वह अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर अपनी दैनिक गतिविधियों, शूटिंग के पलों और व्यक्तिगत तस्वीरों को साझा करती रहती हैं।


ट्रोल्स और आलोचना से निपटना——

ममिता ने अपने करियर में कई बार ट्रोल्स और आलोचनाओं का सामना किया है। जब उन्हें धनुष की फिल्म 'कारा' में लिया गया, तो तमिल फिल्मों में गैर-तमिल अभिनेताओं की कास्टिंग को लेकर विवाद हुआ था। ममिता ने इस मुद्दे पर स्पष्ट रूप से कहा था, "जब मुझे मौका मिला, तो मैंने लिया और एक अभिनेत्री के रूप में मैं और अधिक खोज करना चाहती हूं, और अधिक बहुमुखी बनना चाहती हूं। मुझे यह मौका मिल रहा है और मैं यह कर रही हूं। तो यह निर्माता की पहली पसंद है, जो मुझे एक विशेष किरदार में देखते हैं। मैं मना नहीं कर सकती... मैं काम करना चाहती हूं और वह स्थान हासिल करना चाहती हूं"।


उन्होंने यह भी कहा, "अगर मैं उस किरदार में विश्वसनीय लग सकती हूं, तो यही मेरा लक्ष्य है। अगर यह एक ग्रामीण किरदार है, और मैं उसमें विश्वसनीय लगती हूं, तो यह मेरे लिए सबसे बड़ा पुरस्कार है। यह सब बाधाओं को पार करने के बारे में है, भाषा के बारे में भी। यह मेरा पेशा है, और मेरी जिम्मेदारी है कि मैं सीमाओं को आगे बढ़ाऊं"। यह उनके आत्मविश्वास और अपने पेशे के प्रति समर्पण को दर्शाता है।


फिल्मोग्राफी——

ममिता बैजू की फिल्मोग्राफी में अब तक कई फिल्में शामिल हैं। यहां उनकी प्रमुख फिल्मों की सूची दी गई है:


2016——

पावडा - बाल कलाकार (अनक्रेडिटेड)


2017——

सर्वोपरी पलक्कारन - पदार्पण


हनी बी 2: सेलिब्रेशन्स


2018——

दाकिनी


वराथन


2019——

विकृति


2021

ऑपरेशन जावा - अल्फोंसा


खो खो - अंजू


2022——

सुपर शरण्या - सोना


2023——

प्रणय विलासम - गोपिका


रामचंद्र बॉस एंड कंपनी - सोफिया


2024——

प्रेमालु - रीणू रॉय


रिबेल - तमिल पदार्पण


ए.आर.एम. - डबिंग (कृति शेट्टी के लिए)


2025——

ड्यूड - कुरल


2026——

जन नायगन - विजयलक्ष्मी "विजी" श्रीकांत


विश्वनाथ एंड संस - मैडी


बेथलहेम कुडुंबा यूनिट - एशले


कारा - सेल्ली


आगामी परियोजनाएं

प्रेमालु 2

इरंडु वानम

हैलो डियर



बेथलहेम कुडुंबा यूनिट(2026)——

निर्देशक: गिरीश ए.डी. (Girish A.D.)

सह-कलाकार: निविन पॉली (Nivin Pauly)

किरदार: ममिता ने एशले (Ashley) की भूमिका निभाई है


कहानी: यह फिल्म एक 30 वर्षीय बैचलर जस्टिन (निविन पॉली) और उसके पड़ोस में आई कॉलेज छात्रा एशले (ममिता बैजू) के बीच के रिश्ते पर आधारित है।


आगामी फिल्म: "इरंडु वानम" (Irandu Vaanam)——

ममिता की अगली फिल्म तमिल रोमांटिक फैंटेसी "इरंडु वानम" है, जो 23 अक्टूबर 2026 को दुनिया भर में रिलीज़ होगी। इस फिल्म में वह विष्णु विशाल (Vishnu Vishal) के साथ मुख्य भूमिका में नज़र आएंगी।


अगर आप "बेथलहेम कुडुंबा यूनिट" की कहानी या उसके ओटीटी रिलीज़ के बारे में और जानना चाहें, तो बता दीजिए।



ममिता बैजू के बारे में 50 रोचक तथ्य——

व्यक्तिगत जीवन और पृष्ठभूमि——

ममिता बैजू का जन्म 22 जून 2001 को केरल के कोट्टायम जिले के किडंगूर में हुआ था।


उनके पिता डॉ. बैजू कृष्णन एक डायबिटोलॉजिस्ट हैं और मां मिनी एक गृहिणी हैं।


उनका एक बड़ा भाई है, मिथुन, जो राज्य स्तरीय क्रिकेट खिलाड़ी है और उनका करीबी दोस्त भी है।


ममिता ने अपनी स्कूली शिक्षा मैरी माउंट पब्लिक स्कूल और एन.एस.एस. हायर सेकेंडरी स्कूल से पूरी की।


उन्होंने कोच्चि के सैक्रेड हार्ट कॉलेज में मनोविज्ञान (B.Sc.) की पढ़ाई शुरू की, लेकिन फिल्मी करियर के कारण तीसरे साल में बीच में छोड़नी पड़ी।


बचपन में वह डॉक्टर बनना चाहती थीं और उनके पिता के क्लिनिक में मरीज उन्हें प्यार से "बेबी डॉक्टर" कहते थे।


9वीं कक्षा में एक ऑडिशन ने उनकी जिंदगी बदल दी, जिसके बाद उन्होंने अभिनय को करियर के रूप में चुन लिया।


वह बचपन में बहुत शर्मीली और अंतर्मुखी (इंट्रोवर्ट) थीं, लेकिन अब खुद को एक "एम्बिवर्ट" मानती हैं।


ममिता कोच्चि में एक अपार्टमेंट की मालकिन हैं, जिसकी कीमत ₹3-5 करोड़ आंकी गई है।


उनके पास एक फोक्सवैगन टाइगुन और एक मारुति सुजुकी जिम्नी कार है।


उनकी कमाई का एक बड़ा हिस्सा ब्रांड एंडोर्समेंट से आता है, जिनमें कोका-कोला, बिसलेरी और केरा फूड्स जैसे ब्रांड शामिल हैं।


ममिता को सोशल मीडिया पर हज़ारों लव प्रपोज़ल मिलते हैं, जिन्हें संभालने का काम उनका भाई मिथुन करता है।


उन्होंने मज़ाक में कहा था कि उनकी शादी का फैसला भी उनका भाई ही करेगा।


ममिता को बचपन से ही फिल्में और गाने देखने का शौक था और वह टीवी पर फिल्में देखकर बड़ी हुई हैं।


करियर की शुरुआत और सफर——

ममिता ने 2016 में प्रीथ्वीराज की फिल्म 'पावडा' में एक बाल कलाकार के रूप में बिना क्रेडिट के छोटी भूमिका निभाई थी।


एक वयस्क अभिनेत्री के रूप में उनका पहला क्रेडिटेड रोल 2017 की मलयालम फिल्म 'सर्वोपरी पलक्कारन' से था।


फिल्म 'सर्वोपरी पलक्कारन' में उन्होंने अनूप मेनन और अपर्णा बालामुरली जैसे स्थापित कलाकारों के साथ काम किया।


शुरुआती दिनों में उन्होंने 'हनी बी 2', 'वराथन' (फहाद फासिल के साथ) और 'किलोमीटर्स एंड किलोमीटर्स' (टोविनो थॉमस के साथ) जैसी फिल्मों में सहायक भूमिकाएं निभाईं।


2021 की फिल्म 'खो खो' में 'अंजू' के किरदार के लिए उन्हें केरल फिल्म क्रिटिक्स अवार्ड्स में सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री का पुरस्कार मिला।


फिल्म 'खो खो' ने टेलीविजन प्रीमियर पर एक महिला-केंद्रित मलयालम फिल्म के लिए सबसे ज़्यादा टीआरपी रेटिंग (12.7) का रिकॉर्ड बनाया था।


2022 की फिल्म 'सुपर शरण्या' ने उन्हें व्यापक पहचान दिलाई और उनके करियर का एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हुई।


वह अब तक मलयालम, तमिल, तेलुगु और हिंदी सहित कई भाषाओं की फिल्मों में काम कर चुकी हैं।


ममिता ने 2025 की तमिल फिल्म 'ड्यूड' के लिए अपने किरदार की खुद डबिंग की थी।


प्रेमालु और स्टारडम——

2024 की फिल्म 'प्रेमालु' में 'रीणू रॉय' का किरदार निभाकर वह रातों-रात सुपरस्टार बन गईं।


'प्रेमालु' में उनका किरदार उनके अपने व्यक्तित्व के सबसे करीब था।


'प्रेमालु' की सफलता के बाद बॉलीवुड में इसका रीमेक 'प्रेम कीटनु' बन रहा है।


उन्होंने कहा था कि 'प्रेमालु' के बाद उनकी ज़िंदगी बदल गई है और अब उनसे उम्मीदें भी बढ़ गई हैं।


ब्लॉकबस्टर स्ट्रीक और उपलब्धियां——

2026 में उनकी तीन फिल्मों—'जन नायगन', 'विश्वनाथ एंड संस' और 'बेथलहेम कुडुंबा यूनिट'—ने बॉक्स ऑफिस पर ₹200 करोड़ से अधिक की कमाई की।


वह 2026 में ₹200 करोड़ के तीन ग्रॉसर देने वाली एकमात्र भारतीय अभिनेत्री बनीं।


उन्हें मलयालम सिनेमा के दिग्गज मोहनलाल और मम्मूटी के नाम पर प्यार से "नया 'M'" कहा जाने लगा है।


विजय की आखिरी फिल्म 'जन नायगन' में उन्होंने विजय की पालक बेटी 'विजयलक्ष्मी' की भूमिका निभाई थी।


फिल्म 'जन नायगन' ने दुनिया भर में लगभग ₹327 करोड़ की कमाई की।


सूर्या की फिल्म 'विश्वनाथ एंड संस' ने वैश्विक स्तर पर ₹240 करोड़ से अधिक का कलेक्शन किया।


'बेथलहेम कुडुंबा यूनिट' ने सिर्फ 11 दिनों में ₹200 करोड़ का आंकड़ा पार कर लिया था।


इस फिल्म ने मलयालम सिनेमा की सबसे ज़्यादा कमाई करने वाली फिल्मों में से एक बनकर इतिहास रच दिया, जिसने ₹300 करोड़ से अधिक की कमाई की।


उन्होंने लगातार 29 दिनों के भीतर ₹200 करोड़ की तीन फिल्मों की हैट्रिक पूरी की, जो एक अभूतपूर्व उपलब्धि है।


फिल्म 'कारा' में उन्होंने धनुष के साथ काम किया, जिसने ₹100 करोड़ का आंकड़ा पार किया।


2026 में उनकी फिल्मों ने मिलकर वैश्विक स्तर पर लगभग ₹800 करोड़ की कमाई की।


इस शानदार प्रदर्शन के कारण वह IMDb की ट्रेंडिंग लिस्ट में नंबर 1 पर पहुंच गईं।


कला, कौशल और रुचियां——

फिल्मों में आने से पहले, ममिता एक प्रशिक्षित शास्त्रीय नृत्यांगना थीं।


उन्हें भरतनाट्यम, मोहिनीअट्टम और कुचिपुड़ी में प्रशिक्षण प्राप्त है।


उन्होंने राज्य स्तरीय युवा महोत्सवों में मोहिनीअट्टम और कुचिपुड़ी के लिए कई पुरस्कार जीते हैं।


ममिता अपने खाली समय में मिट्टी की कला (क्ले आर्ट) बनाती हैं, जिसे वह अपने लिए एक थेरेपी मानती हैं।


उन्होंने 'रामचंद्र बॉस एंड कंपनी' में "यल्ला हबीबी" गाने पर अपने नृत्य से सबका दिल जीत लिया था।


फिल्म 'खो खो' की शूटिंग के दौरान, वह अपने किरदार के भारीपन को काफी समय तक महसूस करती रहीं और उससे बाहर निकलना उनके लिए मुश्किल था।


उन्होंने कहा है कि वह अभी भी हर फिल्म के साथ खुद को सीख रही हैं और "एक बार में एक फिल्म" के साथ आगे बढ़ रही हैं।


पसंदीदा और आगामी प्रोजेक्ट्स——

ममिता अल्लू अर्जुन की बहुत बड़ी फैन हैं और उनकी फिल्मों को बार-बार देखती हैं।


वह सूर्या की भी बहुत बड़ी प्रशंसक हैं और उन्हें बहुत सम्मान देती हैं।


उन्होंने विजय की फिल्म 'गिल्ली' देखकर उनकी फैन बन गई थीं और उनके साथ काम करना अपना सपना बताया था।


उनकी आगामी फिल्मों में 'प्रेमालु 2', विष्णु विशाल के साथ तमिल रोमांटिक ड्रामा 'इरंडु वानम' और 'हैलो डियर' शामिल हैं।



ममिता बैजू के बारे में अक्सर पूछे जाने वाले 50 सवालों के जवाब ——


 व्यक्तिगत जीवन और पृष्ठभूमि——

1. ममिता बैजू का पूरा नाम क्या है?

ममिता बैजू (Mamitha Baiju)।


2. उनका जन्म कब और कहाँ हुआ था?

उनका जन्म 22 जून 2001 को केरल के कोट्टायम जिले के किडंगूर में हुआ था।


3. उनके माता-पिता कौन हैं?

उनके पिता डॉ. बैजू कृष्णन एक डायबिटोलॉजिस्ट हैं और मां मिनी बैजू एक गृहिणी हैं।


4. उनके भाई-बहन कौन हैं?

उनका एक बड़ा भाई है जिनका नाम मिथुन है।


5. उनका भाई क्या करता है?

मिथुन एक राज्य स्तरीय क्रिकेट खिलाड़ी है और ममिता का करीबी दोस्त भी है, जो उनके फैन कमेंट्स का जवाब देने और फैसले लेने में मदद करता है।


6. उनकी शिक्षा कहाँ हुई?

उन्होंने मैरी माउंट पब्लिक स्कूल, कट्टाचिरा और एन.एस.एस. हायर सेकेंडरी स्कूल, किडंगूर से पढ़ाई की।


7. उन्होंने कॉलेज में क्या पढ़ाई की?

उन्होंने कोच्चि के सैक्रेड हार्ट कॉलेज में मनोविज्ञान (B.Sc.) में दाखिला लिया, लेकिन फिल्मी करियर के कारण तीसरे साल में बीच में छोड़ना पड़ा।


8. उनका शौक क्या है?

उन्हें अभिनय और नृत्य के अलावा मिट्टी की कला (क्ले आर्ट) बनाना पसंद है, जिसे वह एक थेरेपी मानती हैं।


9. क्या वह प्रशिक्षित नर्तकी हैं?

हाँ, वह एक प्रशिक्षित भरतनाट्यम नृत्यांगना हैं और उन्होंने नाटनकैरली रिसर्च ट्रेनिंग एंड परफॉर्मिंग सेंटर, इरिन्जालाकुडा से उच्च शिक्षा प्राप्त की है।


10. उनकी लंबाई कितनी है?

उनकी लंबाई लगभग 5 फीट 5 इंच (165 सेमी) है।


11. उनका राशि चक्र क्या है?

उनका जन्म 22 जून को हुआ है, इसलिए उनका राशि चक्र कर्क (Cancer) है।


12. उनका धर्म क्या है?

वह हिंदू धर्म से हैं।


13. उन्हें किस नाम से पुकारा जाता है?

उन्हें प्यार से "ममिता" या "ममी" कहा जाता है।


14. उनका पसंदीदा भोजन क्या है?

वह नॉन-वेजिटेरियन हैं।


15. उनकी आंखों और बालों का रंग क्या है?

उनकी आंखें और बाल दोनों भूरे रंग के हैं।


???? करियर और शुरुआत

16. उन्होंने अभिनय की शुरुआत कब की?

उन्होंने 2016 में प्रीथ्वीराज की फिल्म 'पावडा' में एक बाल कलाकार के रूप में बिना क्रेडिट के छोटी भूमिका निभाई थी।


17. एक वयस्क अभिनेत्री के रूप में उनकी पहली फिल्म कौन सी थी?

2017 की मलयालम फिल्म 'सर्वोपरी पलक्कारन'।


18. उनका ब्रेकआउट रोल कौन सा था?

2021 की फिल्म 'खो खो' में 'अंजू' का किरदार, जिसके लिए उन्हें केरल फिल्म क्रिटिक्स अवार्ड मिला।


19. उन्हें रातों-रात स्टार किस फिल्म ने बनाया?

2024 की मलयालम फिल्म 'प्रेमालु', जिसमें उन्होंने 'रीणू रॉय' का किरदार निभाया।


20. 'प्रेमालु' में उनके साथ मुख्य भूमिका में कौन था?

नस्लेन के. गफूर।


21. 'प्रेमालु' की कहानी किस शहर पर आधारित थी?

हैदराबाद।


22. उन्होंने तमिल सिनेमा में कब पदार्पण किया?

2024 में जी.वी. प्रकाश कुमार की फिल्म 'रिबेल' से।


23. उन्होंने किस फिल्म के लिए खुद डबिंग की थी?

तमिल फिल्म 'ड्यूड' (2025) के लिए।


24. क्या उन्होंने किसी फिल्म में सहायक निर्देशक का काम किया है?

हाँ, उन्होंने फिल्म 'खो खो' में सहायक निर्देशक के रूप में भी काम किया था।


25. उनकी पहली तेलुगु फिल्म कौन सी है?

उनकी तेलुगु फिल्म 'ड्यूड' का डब संस्करण है, जिसे तेलुगु दर्शकों ने भी सराहा।


पुरस्कार और उपलब्धियां——

26. उन्हें कौन सा पहला बड़ा पुरस्कार मिला?

'खो खो' के लिए केरल फिल्म क्रिटिक्स अवार्ड में सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री का पुरस्कार।


27. उन्हें फिल्मफेयर अवार्ड्स साउथ में नामांकन मिला है?

हाँ, 'प्रेमालु' के लिए 70वें फिल्मफेयर अवार्ड्स साउथ में सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री (मलयालम) के लिए नामांकित किया गया था।


28. 2026 में उनकी कितनी फिल्मों ने ₹200 करोड़ से अधिक की कमाई की?

तीन फिल्मों ने - 'जन नायगन', 'विश्वनाथ एंड संस' और 'बेथलहेम कुडुंबा यूनिट'।


29. क्या वह ₹200 करोड़ की तीन फिल्मों की हैट्रिक लगाने वाली पहली अभिनेत्री हैं?

हाँ, वह यह रिकॉर्ड बनाने वाली पहली अभिनेत्री बनीं।


30. उनकी किस फिल्म ने सबसे ज्यादा कमाई की?

'बेथलहेम कुडुंबा यूनिट' ने ₹300 करोड़ से अधिक की कमाई की।


फिल्में और किरदार——

31. उनकी सबसे प्रसिद्ध फिल्म कौन सी है?

'प्रेमालु' (2024)।


32. 'प्रेमालु' में उनका किरदार कैसा था?

वह एक महत्वाकांक्षी आईटी पेशेवर 'रीणू रॉय' थीं।


33. 'खो खो' में उनका किरदार क्या था?

वह एक जिद्दी और उग्र स्वभाव वाली एथलीट 'अंजू' थीं।


34. 'सुपर शरण्या' में उनका किरदार क्या था?

वह 'सोना' नाम की एक हंसमुख और लापरवाह छात्रा थीं।


35. उन्होंने विजय की किस फिल्म में काम किया?

'जन नायगन' (2026), जो विजय की आखिरी फिल्म है। इसमें उन्होंने विजय की पालक बेटी की भूमिका निभाई।


36. उन्होंने सूर्या की किस फिल्म में काम किया?

'विश्वनाथ एंड संस' (2026)।


37. उन्होंने धनुष की किस फिल्म में काम किया?

'कारा' में, जिसमें उन्होंने 'सेल्ली' नाम की भूमिका निभाई。


38. उन्होंने निविन पॉली के साथ कौन सी फिल्म की?

'बेथलहेम कुडुंबा यूनिट' (2026)।


???? संपत्ति और कमाई

39. उनकी कुल संपत्ति कितनी है?

अनुमानित ₹20-30 करोड़।


40. वह प्रति फिल्म कितनी फीस लेती हैं?

लगभग ₹2-3 करोड़ प्रति फिल्म।


41. उनके पास कौन सी कारें हैं?

फोक्सवैगन टाइगुन और मारुति सुजुकी जिम्नी।


42. उनका घर कहाँ है?

उनके पास कोच्चि में एक लग्जरी फ्लैट है जिसकी कीमत ₹5 करोड़ है, और कोट्टायम में पैतृक घर भी है।


43. वह किन ब्रांड्स की एंडोर्सर हैं?

कोका-कोला, बिसलेरी और केरा फूड्स।


रोचक तथ्य और अन्य जानकारी——

44. उन्हें सबसे ज्यादा लव प्रपोज़ल कब मिले?

'प्रेमालु' की सफलता के बाद, उन्हें हज़ारों लव प्रपोज़ल मिले, जिन्हें संभालने का काम उनका भाई करता है।


45. उनकी शादी का फैसला कौन करेगा?

उन्होंने मज़ाक में कहा था कि उनकी शादी का फैसला भी उनका भाई ही करेगा।


46. उन्हें किस अभिनेता की फिल्में सबसे ज्यादा पसंद हैं?

वह अल्लू अर्जुन और सूर्या की बहुत बड़ी फैन हैं。


47. उन्हें विजय का फैन कब से बनाया?

विजय की फिल्म 'गिल्ली' देखकर वह उनकी फैन बन गई थीं।


48. उन्हें किस बात का गर्व है?

उन्हें विजय और सूर्या जैसे सुपरस्टार्स के साथ काम करने पर गर्व है।


49. फिल्म 'कारा' में कास्टिंग को लेकर उन्हें किस विवाद का सामना करना पड़ा?

गैर-तमिल अभिनेताओं की कास्टिंग को लेकर विवाद हुआ, जिस पर उन्होंने कहा कि अगर वह किरदार में विश्वसनीय लगती हैं, तो यही उनके लिए सबसे बड़ा पुरस्कार है।


50. उनकी आगामी फिल्में कौन सी हैं?

'प्रेमालु 2', 'इरंडु वानम' (विष्णु विशाल के साथ) और 'हैलो डियर'।




निष्कर्ष——

ममिता बैजू की कहानी एक ऐसी युवा लड़की की कहानी है जिसने अपने सपनों को पूरा करने के लिए कड़ी मेहनत की और आज दक्षिण भारतीय सिनेमा की सबसे चमकती सितारों में से एक बन गई। केरल के एक छोटे से शहर किडंगूर से निकलकर, उन्होंने बिना किसी फिल्मी पृष्ठभूमि के, केवल अपनी प्रतिभा और दृढ़ संकल्प के दम पर यह मुकाम हासिल किया है।


ममिता की सफलता का राज उनकी सहजता, स्वाभाविक अभिनय और दर्शकों से जुड़ने की क्षमता है। वह अपने किरदारों में जान डाल देती हैं और दर्शकों को उनसे भावनात्मक रूप से जोड़ देती हैं। 'प्रेमालु' की रीणू से लेकर 'खो खो' की अंजू तक, उन्होंने हर किरदार को अपने अंदाज में निभाया है।


25 वर्ष की आयु में, ममिता ने जो हासिल किया है, वह उल्लेखनीय है। उन्होंने विजय, सूर्या, धनुष, निविन पॉली और फहाद फासिल जैसे दिग्गज कलाकारों के साथ काम किया है। 2026 में उनकी तीन फिल्मों ने 200 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की, जो उनकी बढ़ती साख और लोकप्रियता को दर्शाता है।


ममिता बैजू का भविष्य बहुत उज्ज्वल है। उनके पास कई बड़ी परियोजनाएं हैं, जिनमें 'प्रेमालु 2', 'कारा' और 'इरंडु वानम' जैसी फिल्में शामिल हैं। वह न केवल मलयालम और तमिल सिनेमा में, बल्कि पूरे भारतीय सिनेमा में अपनी पहचान बनाने की ओर अग्रसर हैं।


ममिता बैजू की कहानी उन सभी युवाओं के लिए प्रेरणादायक है जो अपने सपनों को पूरा करना चाहते हैं। उन्होंने साबित कर दिया है कि अगर आप में प्रतिभा है, मेहनत करने का जज्बा है और अपने काम के प्रति समर्पण है, तो आप किसी भी ऊंचाई को छू सकते हैं। ममिता बैजू आने वाले वर्षों में भारतीय सिनेमा की एक प्रमुख अभिनेत्री के रूप में उभरने की पूरी क्षमता रखती हैं।